Thursday, June 17, 2021

पक्ष विपक्ष का यह रिश्ता क्या कहलाता है महासमुंद विधानसभा किसान नेता अश्वंत तुषार साहू

पक्ष-विपक्ष का ये रिश्ता क्या कहलाता है----: महासमुंद विधान सभा किसान नेता अशवंत तुषार साहू
 
महासमुन्द नगर के ग्राम बिमचा में एक साहू परिवार की 06 महिलाओं ने आत्महत्या कर ली।आत्महत्या के लिए अनेक कारण दिन प्रतिदिन सामने आ रहे हैं खैर जो भी हुआ है वह मानव समाज को झकझोर कर देने वाली बहुत ही भयंकर हृदय विदारक घटना है जिससे समाज को सबक लेने की आवश्यकता है जिससे भविष्य में इसकी पुरावृत्ति ना हो पाए।कुछ लोग इस घटना में राजनीति कर रहे हैं और जांच प्रभावित कर रहे हैं, यह वही गांव है जहाँ वर्ष 2018 के चुनाव में आखरी सभा माननीय श्री राहुल गांधी जी ने लिया था और आम जन समुदाय को संबोधित करते हुए कहा था कि छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार बनेगी तो किसानों का कर्जा माफ और बिजली बिल हाफ सहित पूर्ण शराबबंदी की घोषणा की थी। सामूहिक आत्महत्या के प्रकरण में अनेक लोग आवेदन देकर दोषीयो के विरुध्द कार्यवाही की मांग करते हुए अखबारों में इसकी खबर छपवाते हैं?उनसे एक सवाल है कि वे किन दोषियों पर और क्या कार्यवाही चाहते हैं ? इसी तरह कुछ दिनों पूर्व इसी ग्राम में प्रदेश में विपक्ष की भूमिका में बैठे भाजपा दल के पूर्व विधायकों प्रदेश के तथा जिले के प्रमुख पूर्व विधायक और पदाधिकारियों की जांच समिति ने ग्राम में पहुंच कर इसमें राजनीति करने का प्रयास करते हुए इसे शराब से जोड़ने का कृत्य किया जिसका ग्रामवशियों ने जमकर नारेबाजी करते हुए विरोध किया नतीजा जांच दल के जिले के प्रमुखों में आपस में ही विवाद हुआ खैर यहाँ तक तो ठीक है कि उन्होंने विपक्ष का धर्म निभाया? पर इन विपक्ष के दल के इतने प्रतिनिधियों को इतना बड़ा मुद्दा जो कि उसी ग्राम से लगा हुआ है और परसवानी से बिरकोनी तक 50 करोड़ के गर्म रेत पर्यावरण का चिर हरण का प्रत्यक्ष उदाहरण जो कि मीडिया ने प्रमुखता से उठाया था उस पर ये जांच दल क्यो नही गए? अथवा जिला की भाजपा दल इसके लिए कब जांच समिति बनाएगी इसके बारे में भी जिले के भाजपाइयों को जवाब देना चाहिए अथवा माना जाएगा कि पक्ष और विपक्ष का गठबंधन है जिसके लिए" ये रिश्ता क्या कहलाता है" के उदाहरण को चरितार्थ करते हुए माना जाएगा और महज एक औपचारिकता निभाने की भूमिका प्रमाणित होती है।---

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